Telangana में मुख्यमंत्री राहत कोष (सीएमआरएफ) से कई अस्पतालों द्वारा गबन का मामला सामने आया है। प्रदेश के कुछ अस्पतालों और कुछ लोगों के फर्जी बिल से मामले का खुलासा हुआ। ये फर्जी बिल मुख्यमंत्री की मंजूरी के लिए जमा किए गए थे। मामला उजागर होने पर राजस्व विभाग के अधिकारी डी एस एन मूर्थी ने प्राथमिकी दर्ज कराई। एफआईआर में अस्पतालों पर जालसाजी और राज्य सरकार के साथ धोखेबाजी का आरोप है।
Telangana में सीएम राहत कोष से अस्पतालों द्वारा गबन का खुलासा
सीआईडी मामले की जांच करेगी। सीएमआरएफ प्राकृतिक आपदा में संपत्ति खो चुके लोगों, दुर्घटना पीड़ित, स्वास्थ्य समस्याओं और आपात स्थिति में लोगों की सहायता के लिए उपलब्ध कराया जाता है। गबन करने वाले अस्पतालों में मीरपेट का हिरण्या अस्पताल, हस्थिनापुरम का डेल्टा अस्पताल, रंगारेड्डी का श्री रक्षा अस्पताल समेत कई शामिल हैं।
-Khushi Sharma
